यमुना में फिर दिखा सफेद झाग, आप ने लगाया दिल्ली सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप
रिपोर्ट: सन्तेश्वर वर्मा
दिल्ली। राजधानी दिल्ली में यमुना नदी की सफाई को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। गुरुवार को कालिंदी कुंज और ओखला बैराज के पास यमुना की सतह पर बड़े पैमाने पर सफेद झाग तैरता दिखाई दिया। छठ पर्व नजदीक होने के बीच नदी की यह स्थिति चिंता बढ़ा रही है। इस मुद्दे को लेकर आम आदमी पार्टी ने दिल्ली सरकार पर निशाना साधते हुए सफाई कार्यों में कथित भ्रष्टाचार और टेंडर प्रक्रिया में अनियमितताओं के आरोप लगाए हैं।
यमुना में सफेद झाग दिखाई देने के बाद नदी की सफाई और प्रदूषण नियंत्रण को लेकर सरकार की तैयारियों पर सवाल खड़े हो रहे हैं। आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने बुधवार को कालिंदी कुंज यमुना घाट पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।
यमुना सफाई के टेंडर पर AAP ने उठाए सवाल
कालिंदी कुंज पहुंचे सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया कि यमुना के पानी पर बनने वाले झाग को खत्म करने के लिए टेंडर निकाला जाना है, लेकिन अभी तक उसकी फाइनेंशियल बिड नहीं खोली गई है। इसके बावजूद एक ठेकेदार ने कालिंदी कुंज के पास टेंट और उपकरण लगाने शुरू कर दिए हैं।
भारद्वाज ने इस स्थिति को टेंडर प्रक्रिया में कथित अनियमितता से जोड़ते हुए दिल्ली सरकार से जवाब मांगा। उन्होंने सवाल उठाया कि जब वित्तीय बोली की प्रक्रिया पूरी नहीं हुई है, तो संबंधित ठेकेदार ने पहले से ही वहां तैयारियां कैसे शुरू कर दीं।
हालांकि, दिल्ली सरकार ने इन आरोपों से इनकार किया है। ऐसे में टेंडर प्रक्रिया और मौके पर उपकरण लगाए जाने को लेकर उठे सवालों पर संबंधित विभाग की ओर से विस्तृत स्पष्टीकरण महत्वपूर्ण होगा।
सौरभ भारद्वाज का मंत्री प्रवेश वर्मा पर निशाना
सौरभ भारद्वाज ने दिल्ली सरकार के मंत्री प्रवेश साहिब सिंह वर्मा पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि इससे पहले आम आदमी पार्टी ने लोक निर्माण विभाग (PWD) के सड़क निर्माण कार्यों में कथित भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाया था और अब यमुना की सफाई को लेकर सवाल सामने आ रहे हैं।
भारद्वाज के मुताबिक, दोनों विभाग मंत्री प्रवेश साहिब सिंह वर्मा के अधीन आते हैं। उन्होंने सवाल किया कि मंत्री कथित अनियमितताओं के मामले में कार्रवाई करेंगे या फिर आरोपों को उजागर करने वालों के खिलाफ ही कदम उठाए जाएंगे।
AAP नेता ने सरकार की जवाबदेही पर सवाल उठाते हुए मांग की कि यमुना की सफाई से संबंधित कार्यों और टेंडर प्रक्रिया की पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए।
छठ पर्व से पहले यमुना की सफाई बनी बड़ा मुद्दा

दिल्ली में छठ पर्व के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु यमुना घाटों पर पहुंचते हैं। ऐसे में नदी की सतह पर सफेद झाग दिखाई देना एक बार फिर प्रदूषण और घाटों की व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा रहा है।
यमुना में झाग बनने के पीछे प्रदूषित पानी में मौजूद डिटर्जेंट और अन्य रासायनिक पदार्थों के साथ-साथ पानी की स्थिति से जुड़ी प्रक्रियाएं भी जिम्मेदार हो सकती हैं। हालांकि, मौजूदा स्थिति में प्रदूषण के सटीक कारणों की पुष्टि के लिए वैज्ञानिक जांच और पानी के नमूनों की रिपोर्ट आवश्यक होगी।
छठ पर्व से पहले यमुना की सफाई को लेकर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज होने की संभावना है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि दिल्ली सरकार नदी की स्थिति सुधारने, सफाई कार्यों में पारदर्शिता बनाए रखने और प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए क्या कदम उठाती है।






