
रिपोर्ट – प्रीती पांडेय
चंडीगढ़: पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने प्रदेश संगठन में बड़ा बदलाव करने का फैसला किया है। पार्टी हाईकमान ने मौजूदा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को पद से हटाने का निर्णय लिया है। नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम को लेकर पार्टी के भीतर मंथन जारी है और जल्द ही ऐलान किए जाने की संभावना है।
राजा वड़िंग की जगह कौन लेगा, इसे लेकर कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेताओं के नाम चर्चा में हैं। इनमें विजय इंदर सिंगला, गुरजीत सिंह औजला, परगट सिंह, सुखबिंदर सिंह सरकारिया और सुखजिंदर सिंह रंधावा के नाम सामने आ रहे हैं। अलग-अलग रिपोर्टों में संभावित दावेदारों को लेकर अलग-अलग जानकारी सामने आई है, इसलिए अंतिम नाम की आधिकारिक घोषणा का इंतजार है।
क्यों बदला जा रहा है पंजाब कांग्रेस का नेतृत्व?
पंजाब कांग्रेस में पिछले कुछ समय से संगठन के भीतर मतभेद और नेतृत्व को लेकर खींचतान की खबरें सामने आती रही हैं। जुलाई में कांग्रेस ने आगामी विधानसभा चुनावों के लिए अपनी चुनावी टीम का ऐलान किया था। उस समय राजा वड़िंग को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के पद पर बरकरार रखा गया था, जबकि पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी को कैंपेन कमेटी की जिम्मेदारी दी गई थी।
इसके बाद भी संगठन के भीतर नेतृत्व को लेकर चर्चा जारी रही। सितंबर में कांग्रेस हाईकमान ने भूपेश बघेल की जगह सचिन पायलट को पंजाब का AICC प्रभारी नियुक्त किया। कांग्रेस की ओर से जारी आधिकारिक आदेश में इसकी पुष्टि की गई थी।
सचिन पायलट के आने के बाद तेज हुआ संगठन में बदलाव
पंजाब का प्रभारी बनने के बाद सचिन पायलट ने राज्य के वरिष्ठ नेताओं के साथ बैठकें कीं। उन्होंने चरणजीत सिंह चन्नी, सुखजिंदर सिंह रंधावा और विजय इंदर सिंगला समेत कई नेताओं से मुलाकात की। पायलट ने हाल ही में कहा था कि पंजाब कांग्रेस एकजुट है और पार्टी ने आगामी चुनाव की तैयारियां शुरू कर दी हैं।
हालांकि, इसके बीच प्रदेश अध्यक्ष बदलने की अटकलें लगातार तेज होती रहीं। 30 सितंबर को पंजाब कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रताप सिंह बाजवा ने भी प्रदेश अध्यक्ष बदले जाने से जुड़े सवाल पर ऐसा जवाब दिया, जिससे इन चर्चाओं को और बल मिला।
रेस में कौन-कौन?
नए प्रदेश अध्यक्ष के लिए कई नाम चर्चा में हैं। विजय इंदर सिंगला कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हैं और संगठन में उन्हें अहम जिम्मेदारी दी गई है। जुलाई में उन्हें चुनाव प्रबंधन एवं समन्वय समिति का चेयरमैन बनाया गया था।
वहीं गुरजीत सिंह औजला भी संभावित दावेदारों में शामिल हैं। अमृतसर से लोकसभा सांसद औजला को कांग्रेस ने चुनाव से जुड़े संगठनात्मक ढांचे में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी है।
इसके अलावा परगट सिंह और सुखबिंदर सिंह सरकारिया के नाम भी पार्टी के नए प्रदेश अध्यक्ष के लिए चर्चा में हैं।
फिलहाल कांग्रेस की ओर से नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम का औपचारिक ऐलान नहीं किया गया है। ऐसे में किस नेता को पंजाब कांग्रेस की कमान मिलती है, इस पर अंतिम तस्वीर पार्टी हाईकमान की घोषणा के बाद ही साफ होगी।





